उद्यमिता विकास की परिभाषा, आवश्यकता एवं महत्व 

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उद्यमिता विकास व्यवसाय में आवश्यक संसाधनों को जुटाता है और व्यवसाय में निहित अनेक प्रकार की जोखिमों को झेलने एवं अनिश्चितताओं का सामना करना प्रमुख कार्य होता है।  उद्यमिता नए-नए उपक्रम की स्थापना, नियंत्रण एवं निर्देशन करने की कला के साथ नवीन तकनीक का प्रयोग करके उपक्रम को सुधार एवं परिवर्तन करने की साहसिक क्षमता […]

अभिवृत्ति का अर्थ, परिभाषा, विशेषताएँ एवं मापन की विधियाँ

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अभिवृत्ति को आंग्ल भाषा में Attitude कहते हैं। Attitude शब्द लेटिन भाषा के शब्द Abtus शब्द से बना है इसका अर्थ है योग्यता या सुविधा। अभिवृत्ति का सम्बन्ध अनुकूल या प्रतिकूल प्रभाव से है। यह एक मानसिक दशा है जो सामाजिक व्यवहार की अभिव्यक्ति करने में विशेष भूमिका प्रस्तुत करती है। अभिवृत्ति को ही कभी-कभी […]

संगीत का अर्थ, परिभाषा एवं मुख्य तत्व 

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संगीत की व्युत्पति “सम् गै (गाना) + कत” है अर्थात् ‘गै’ धातु में ‘सम’ उपसर्ग लगाने से यह शब्द बनता है। ‘गै’ का अर्थ है – ‘गाना’ और सम (सं) एक अव्यय, है, जिसका व्यवहार समानता, संगति, उत्कृष्टता, निरन्तरता, औचित्य आदि को सूचित करने के लिये किया जाता है। अत: संगीत का अर्थ-’उत्कृष्ट, पूर्ण तथा […]

व्यक्तित्व का अर्थ, परिभाषा, प्रकार, एवं व्यक्तित्व का विकास

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व्यक्तित्व को अंग्रेजी भाषा में Personality कहते हैं जिसकी उत्पत्ति लैटिन भाषा के Persona से हुई है। ‘परसोना’ शब्द का अर्थ है बाहरी वेशभूषा या मुखौटा (Mask)। इस प्रकार व्यक्तित्व का अर्थ व्यक्ति के बदले हुए रूप से है, जिसमें उसकी बोलचाल, वेशभूषा, व्यवहार, रंग, रूप आदि सम्मिलित किये जाते हैं। लेकिन व्यक्तित्व को बाहर […]

यमक अलंकार का अर्थ, परिभाषा, और उदाहरण

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जहाँ किसी शब्द या वाक्यांश की कई बार आवृत्ति हो, किन्तु अर्थ की विभिन्नता हो, वहाँ यमक अलंकार होता है। शब्द की आवृत्ति होने पर अर्थ भिन्न होता है, अत: उसे सार्थक यमक कहा जाता है किन्तु जहाँ वाक्यांश की जोड़-तोड़ करनी पड़ती है जिससे वह अर्थ की अभिव्यक्ति में समर्थ नहीं रहता, अत: वह […]