अलाउद्दीन खिलजी के आर्थिक सुधार

अलाउद्दीन खिलजी 19 जुलाई 1296 ई. में सुल्तान जलाउद्दीन खिलजी की हत्या कर स्वयं को सुल्तान घोषित किया। 22 अक्टूबर 1296 ई. में दिल्ली में बलबन के राजमहल में उसने अपना राज्याभिषेक करवाया तथा दिल्ली के सिंहासन पर बैठा। अलाउद्दीन दिल्ली का प्रथम सुल्तान था…

अवसरवादिता का अर्थ

अवसर से अभिप्राय है ‘मौके की तलाश' से हैं। मानक हिन्दी कोश के अनुसार, “मौके से फायदा उठाने की प्रवृत्ति" अतः उचित समय देखकर उस समय का फायदा उठाकर लाभ अर्जित करना अवसरवादिता कहलाता है । आज प्रत्येक व्यक्ति में अवसरवादिता की प्रवृत्ति किसी-न-कि…

हिन्दी कहानी : विकास के चरण

कहानी का आरंभ कब हुआ होगा यह कहना बड़ा कठिन है। संभवतः मनुष्य ने जब से भावनाओं को अभिव्यक्त करने की कला को सीखा होगा या उसने जब कभी बोलना सीखा होगा तभी से कहानी की शुरुवात हुई होगी। क्योंकि बोलना या अभिव्यक्त करना मनुष्य का सहज स्वभाव है। मनुष्य जब कभ…

मृगावती किसकी रचना है मृगावती की रचना कब हुई थी?

मृगावती के रचनाकार कुतुव्वन है। कुतुव्वन के बारे में अधिक जानकारी नहीं प्राप्त होती; क्योंकि उसने अपने काव्य में अपने बारे में कुछ अधिक नहीं कहा है। फिर भी उसके बारे में जानकारी प्राप्त करने में उसकी रचना महत्त्वपूर्ण है। कुतुव्वन के अनुसार उसने अपने …

चंदायन किसकी रचना है

सूफी ग्रन्थों में चंदायन सबसे पुरानी मानी जाती है। इसके प्रणेता मौलाना दाऊद थे। मौलान दाऊद का निवास स्थान रायबरेली (उ. प्र.) जिले के डलमऊ नामक नगर में था। इसकी पुष्टि इस दोहे से भी होती है- दलमो नगर बसे नव रंगा। ऊपरि कोट तले बहे गंगा । अवध प्रदेश के ग…

कुशीनगर का इतिहास

कुशीनगर भारत के तत्कालीन महाजनपदों में से एक एवं मल्ल राज्य की राजधानी थी। वर्तमान समय में यह गोरखपुर से 32 मील (लगभग 51.2 किमी0) पूर्व, देवरिया से 21 मील (लगभग 33.6 किमी0) उत्तर और पडरौना से 13 मील (लगभग 20. 8 किमी०) दक्षिण-पश्चिम में स्थित है। बिहार…

हिन्दू धर्म के मूल सिद्धांत

हिन्दू धर्म भारत का सबसे प्राचीनतम धर्म है। प्रारम्भ में इसे आर्य धर्म भी कहा जाता था। वेदों की रचना के साथ इसे वैदिक धर्म और पुराणों एवं स्मृतियों की रचना के बाद इसे पौराणिक धर्म कहा गया। जब भारत को हिन्दुस्तान कहा जाने लगा तो यहां के निवासीयों द्वार…

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