राष्ट्रीय सुरक्षा क्या है?

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राष्ट्रीय सुरक्षा एक मान्यता है जिसे प्रत्येक देश प्राप्त करने का प्रयत्न करना है। परन्तु प्रश्न यह है कि राष्ट्रीय सुरक्षा किन खतरों के विरूद्ध प्राप्त करेन चाहिए या उससे किन मान्यताओं की रक्षा करनी होती […]

राष्ट्रीय शक्ति का अर्थ, परिभाषा, विशेषताएं, महत्व, प्रकार

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दूसरो को प्रभावित कर सकने की क्षमता का नाम ही शक्ति हैं। जब कोई व्यक्ति दूसरों को प्रभावित करके उनसे अपना वांछित कार्य करा लेता है तथा अवांछित से उन्हें रोकता है तो ऐसे व्यक्ति को […]

दक्षिण दक्षिण सहयोग क्या है?

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द्वितीय विश्वयुद्ध के बाद विकासशील देशों के लिए ‘दक्षिण’ शब्द का प्रयोग किया जाने लगा। 1945 के बाद समस्त विश्व राजनैतिक शब्दावली में दो भागों – उत्तर (विकसित) तथा दक्षिण (विकासशील) में बंट गया। उत्तर में […]

उत्तर-दक्षिण संवाद का अर्थ

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भौगोलिक आधार पर समस्त संसार दो गोलार्द्धों – उत्तरी गोलार्द्ध तथा दक्षिणी गोलार्द्ध में विभाजित है। उत्तरी गोलार्द्ध में अमेरिका, ब्रिटेन तथा अन्य यूरोप के विकसित व धनी देश आते हैं तथा दक्षिणी गोलार्द्ध में लैटिन […]

नई अंतर्राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था क्या है?

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नई अन्तर्राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था की स्थापना का प्रमुख उद्देश्य वर्तमान भेदभावपूर्ण आर्थिक सम्बन्धों का निर्धारण नए सिरे से करना है। नई अन्तर्राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था के समर्थक देशों का मानना है कि विकसित और विकासशील देशों में गहरी आर्थिक […]

राष्ट्रीय शक्ति के तत्व एवं सीमाएँ

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साधारण शब्दों में व्यक्ति के संदर्भ में शक्ति से अभिप्राय है जब एक व्यक्ति या व्यक्तियों का समूह दूसरे व्यक्ति या व्यक्तियों के समूह को नियन्त्रित करने और उनसे मनचाहा व्यवहार कराने और उन्हें अनचाहा व्यवहार […]

राष्ट्रीय हित क्या है?

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राष्ट्रीय हित अन्तर्राष्ट्रीय राजनीति के अध्ययन की महत्वपूर्ण धारणाओं में से एक है। राष्ट्र हमेशा अपने राष्ट्रीय हितों के उद्देश्यों को प्राप्त करने के लिए क्रिया तथा प्रतिक्रिया करते हैं। राष्ट्रीय हित विदेश नीति के निर्माण […]

अंतरराष्ट्रीय राजनीति के सिद्धांत एवं उपागम

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आदर्शवादी उपागम फ्रांसी क्रांति (1789) व अमेरिकी क्रान्ति (1776) को आदर्शवादी दृष्टिकोण की प्रेरणा माना गया है। अंतरराष्ट्रीय राजनीति में कौण्डरसैट के ग्रंथ की 1795 में विश्व समाज की रचना को आधार माना गया है। इसके […]

अंतरराष्ट्रीय राजनीति का अर्थ एवं परिभाषा

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साधारण शब्दों में अंतर्राष्ट्रीय राजनीति का अर्थ है राज्यों के मध्य राजनीति करना। यदि राजनीति के अर्थ का अध्ययन करें तो तीन प्रमुख तत्व सामने आते हैं – (i) समूहों का अस्तित्व; (ii) समूहों के बीच […]

शीतयुद्ध का अर्थ, उत्पत्ति, कारण और इसके प्रभाव

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शीतयुद्ध की अवधारणा का जन्म द्वितीय विश्वयुद्ध की समाप्ति के बाद 1945 में हुआ, यह अंतर्राष्ट्रीय सम्बन्धों की एक सच्चाई है जो अमेरिका तथा सोवियत संघ के पारस्परिक सम्बन्धों को उजागर करती है। यह द्वितीय विश्वयुद्ध […]